जल्दी प्रेग्नेंट होने के लिए सेक्स का सही समय, पोजीशन और आवृत्ति

जब आप गर्भवती होने की कोशिश कर रही हों, तो सेक्स आपके लिए सिर्फ आनंद प्राप्त करने से कहीं ज्यादा महत्वपूर्ण हो जाता है। आप गर्भधारण की संभावनाओं को बढ़ाने के लिए बिस्तर पर सब कुछ सही करना चाहती हैं।

अपने सेक्स के समय और आवृत्ति में कुछ बदलाव लाकर आपकी सफलता की संभावना में बढ़ोतरी हो सकती है।

सेक्स कब करना चाहिए?

गर्भवती होने का सबसे अच्छा समय आपके मासिक धर्म चक्र के सबसे उपजाऊ दिनों में होता है। आपके सबसे उपजाऊ दिन ओव्यूलेशन (अंडाशय द्वारा फलोपियन ट्यूब में अंडा छोड़ने की प्रक्रिया) के पांच दिन पहले से लेकर ओव्यूलेशन के दिन तक होते हैं।

1999 में हुए एक शोध के अनुसार महिला ओव्यूलेशन के दो दिन पहले और ओव्यूलेशन के दिन सेक्स करने से गर्भाधान की संभावना सबसे अधिक होती है।

ओव्यूलेशन के दौरान, आपका अंडाशय एक परिपक्व अंडा जारी करता है। वह अंडा फैलोपियन ट्यूब में नीचे की ओर आता है।

इस मार्ग में पहले से शुक्राणु मौजूद होने पर, वह अंडे से मिलेंगे और उसे फर्टिलाइज़ करेंगे। महिला के अंदर शुक्राणु लगभग पांच दिनों तक जीवित रह सकते हैं। इसलिए यदि आप गर्भधारण करने की कोशिश कर रही हैं, तो आपका लक्ष्य यह होना चाहिए कि ओव्यूलेश के समय फैलोपियन ट्यूब में जीवित शुक्राणु हों।

अब आप कैसे जानें हैं कि आपका ओव्यूलेशन कब होगा? इसका सबसे अच्छा तरीका है अपने मासिक चक्र के दिनों को गिनना।

अपने मासिक धर्म चक्र के दिनों को एक कैलेंडर में लिखें या एक ट्रैकिंग ऐप का उपयोग करें। प्रत्येक चक्र आपके पीरियड्स शुरू होने के पहले दिन से शुरू होता है, और आपके अगले पीरियड शुरू होने से एक दिन पहले समाप्त होता है।

मासिक चक्र के दिनों को गिनने के बाद इसके मध्य बिंदु की गणना करें। जैसे यदि आपका मासिक चक्र 28-दिवसीय है, तो आप आम तौर पर 14 दिन के आसपास ओव्यूलेट करेंगी।

ध्यान रखें: सभी महिलाएं अपने मासिक चक्र के मध्य बिंदु पर ओव्यूलेट नहीं करती हैं। यदि आपका गर्भधारण नहीं हो रहा है और आपको संदेह है कि आपका ओव्यूलेशन मध्य बिंदु से पहले या बाद में हो सकता है, तो निम्न अन्य तरीकों से अपने ओव्यूलेशन के दिन की पुष्टि करें।

आपके शरीर में होने वाले कुछ बदलाव भी ओव्यूलेशन का संकेत देते हैं, जो निम्न हैं:

  • योनि स्राव में परिवर्तन। जब आप ओव्यूलेशन करती हैं, तो आपकी योनि का स्त्राव साफ और गाढ़ा हो जाता है – जो अंडे की सफेदी का संकेत देता है।
  • बेसल बॉडी तापमान (बीबीटी) में वृद्धि। ओव्यूलेशन के बाद आपके शरीर का आराम की स्थिति का तापमान थोड़ा बढ़ जाएगा। आप सुबह उठने के दौरान एक बेसल बॉडी टेम्परेचर थर्मामीटर से बीबीटी को माप सकती हैं। नोट: यह तरीका आपको केवल यह बताएगा कि आपने ओव्यूलेट कर लिया है, लेकिन यह नहीं बताएगा कि कब किया (जैसे एक दिन पहले या दो-तीन दिन पहले)। हालाँकि, यदि आप कुछ मासिक चक्रों के दौरान अपने तापमान को ट्रैक करती हैं, तो आपको पता लग सकता है कि आप आमतौर पर मासिक चक्र के किस दिन ओव्यूलेट करती हैं।
  • ओव्यूलेशन किट। मेडिकल और जनरल स्टोर पर ओवर-द-काउंटर ओव्यूलेशन किट भी मिलती हैं। यह किट आपके मूत्र में हार्मोन परिवर्तन की जाँच करती है, और इसके जरिये बता सकती है कि आपके ओव्यूलेशन होने की सबसे अधिक संभावना कब है। अधिक जानकारी के लिए टेस्ट किट दिशानिर्देश पढ़ें।

कौन सी पोजीशन सबसे अच्छी हैं?

प्रत्येक पुरुष स्खलन में करोड़ों शुक्राणु होने के कारण, ओव्यूलेशन के समय के आसपास किसी भी पोजीशन में असुरक्षित यौन संबंध गर्भावस्था का कारण बन सकता है। जब भी शुक्राणु आपकी योनि में प्रवेश करते हैं, तब आपके गर्भवती होने की सम्भावना होती है।

गर्भधारण की संभावना को बढ़ाने के लिए सेक्स के दौरान कोई विशिष्ट पोजीशन अन्य पोजीशन से ज्यादा कारगर होगी, इसके कोई प्रमाण नहीं हैं

फिर भी यह सुनिश्चित करने के लिए कि शुक्राणुओं को अंडे तक तैरने का अपना रास्ता मिल जाए या उनको अंडे के जितना करीब हो सके उतना करीब स्खलित किया जाए ताकि उनको कम रास्ता तैरना पढ़े, कुछ सेक्स पोजीशन दूसरों की तुलना में बेहतर हो सकती हैं।

मिशनरी और डॉगी स्टाइल लिंग को योनि की अधिकतम गहराई तक जाने की अनुमति देती हैं, इसलिए इन पोजीशन में शुक्राणुओं को गर्भाशय ग्रीवा के करीब स्खलित किया जा सकता है।

खड़े होकर सेक्स करने वाली पोजीशन और जिन पोजीशन में महिला पुरुष के ऊपर होती है, उनमें गुरुत्वाकर्षण आपके खिलाफ काम करता है। फिर भी इन पोजीशन में सेक्स करने से आपके गर्भधारण की संभावना कम नहीं होनी चाहिए, क्योंकि शुक्राणु बहुत अच्छे तैराक होते हैं और एक बार योनि में छोड़े जाने के बाद, 15 मिनट के भीतर गर्भाशय ग्रीवा तक पहुंच सकते हैं।

कितनी बार सेक्स करना चाहिए?

आपने शायद पढ़ा होगा कि बहुत अधिक बार सेक्स करने से शुक्राणु की गुणवत्ता और मात्रा कम हो जाती है।

कुछ शोधों से पता चला है कि 2-3 दिनों तक सेक्स में संयम रखने के बाद एकत्र किए जाने पर शुक्राणुओं की गुणवत्ता बेहतर होती है। हालाँकि शोधों से यह भी पता चला है कि हर 1-2 दिनों में सेक्स करने वाले जोड़ों में गर्भधारण की उच्च दर देखी जाती है।

तो अपने उपजाऊ दिनों (ओव्यूलेशन) के दौरान रोज या हर दूसरे दिन एक बार सेक्स करने से आपके गर्भवती होने की संभावना बढ़ जाएगी।

अधिक बार सेक्स करने की कोशिश करें, लेकिन इसका एक टाईमटेबल न बनायें। टाईमटेबल से चलने पर आपको अनावश्यक तनाव हो सकता है।

आखिरकार, सेक्स करने की बेहतर आवृत्ति वह है जो आपको सहज महसूस कराये।

क्या चिकनाई गर्भधारण की बाधाओं को प्रभावित करती है?

अधिकतर जोड़े सेक्स के दौरान चिकनाई या लुब्रिकेंट का इस्तेमाल करना पसंद करते हैं, इसलिए इस बारे में सवाल लाजमी है कि क्या ये लुब्रीकेंट शुक्राणुओं की गुणवत्ता को प्रभावित कर सकते हैं।

प्रयोगशाला शोधों में, कुछ जल-आधारित लुब्रीकेंट द्वारा शुक्राणुओं की गति को 60 से 100 प्रतिशत तक कम करते हुए पाया गया है।

लेकिन इससे पहले कि आप घबराकर अपने लुब्रीकेंट को कचरे के डब्बे में फेंक दें, गर्भ धारण करने की कोशिश कर रहे वास्तविक जोड़ों पर हुए शोधों में, लुब्रीकेंट के उनकी प्रजनन क्षमता पर कोई नकारात्मक प्रभाव नहीं पाए गए हैं।

बल्कि वास्तव में, लुब्रीकेंट सेक्स को अधिक बार करने के लिए सहज बनाकर, गर्भधारण के आपके प्रयासों में सहायता कर सकता है।

यदि आप लुब्रिकेंट को लेकर चिंतित हैं, कि इस्सके आपके गर्भवती होने की संभावना कम हो जाती है, तो ऐसे लुब्रीकेंट का इस्तेमाल करें जो शुक्राणुओं पर कोई नकारात्मक प्रभाव न डालते हों।

जल्दी गर्भधारण करने के अन्य सुझाव

अपने गर्भधारण करने की संभावना में सुधार करने के लिए, अपने सेक्स के समय, पोजीशन और आवृत्ति को बदलना ही का एकमात्र तरीका नहीं है। यहाँ कुछ अन्य सुझाव दिए जा रहे हैं, जो आप अपनी प्रजनन क्षमता को बढ़ाने के लिए अपना सकते हैं:

  • ऑर्गाज्म। एक पुरुष के लिए, अपनी साथी को गर्भवती करने के लिए उसकी योनि में वीर्य स्खलन करना आवश्यक होता है। हालांकि एक महिला को गर्भवती होने के लिए खुद का स्खलन या ऑर्गाज्म की आवश्यकता नहीं होती है, लेकिन ऑर्गाज्म के दौरान महिलाओं के जननांगों के अंदर तक अद्वितीय कंपन होता है, जो शुक्राणुओं को उनकी फैलोपियन ट्यूब के करीब ले जाने में मदद कर सकता है।
  • अपने वजन पर नियंत्रण रखें। बहुत अधिक भारी या बहुत पतला होना आपकी प्रजनन क्षमता को कम कर सकता है।
  • धूम्रपान न करें। धूम्रपान से बांझपन और गर्भपात की संभावना बढ़ जाती है और शुक्राणुओं की गतिशीलता कम हो जाती है।
  • कैफीन का सेवन सीमित करें। बड़ी मात्रा में कैफीन युक्त पदार्थों जैसे चाय या कॉफ़ी का सेवन करने से प्रजनन क्षमता कम हो सकती है।

आपको डॉक्टर को कब दिखाना चाहिए?

यदि आप गर्भवती होने की कोशिश कर रही हैं, लेकिन सफल नहीं हो पा रही हैं, तो अपने प्राथमिक डॉक्टर या प्रजनन विशेषज्ञ से मिलें।

डॉक्टर से मिलने से पहले आपको कब तक इंतजार करना चाहिए? यह आपकी उम्र पर निर्भर करता है।

  • 35 वर्ष से कम उम्र की महिलाओं को चिकित्सा सहायता लेने से पहले कम से कम 1 वर्ष तक प्रयास करना चाहिए।
  • 35 या उससे अधिक उम्र की महिलाओं को 6 महीने के प्रयास के बाद डॉक्टर से मिलना चाहिए।

अगर आपको निम्न में से कोई भी समस्या है, जो आपकी प्रजनन क्षमता को प्रभावित कर सकती है, तो जल्द से जल्द डॉक्टर से मिलें:

  • मासिक धर्म अनियमित हैं या बिलकुल भी नहीं आते।
  • अन्तर्गर्भाशय-अस्थानता (endometriosis): गर्भाशय के बाहर एंडोमेट्रियल ऊतक की उपस्थिति और और इसके कारण होने वाला जननांग दर्द।
  • श्रोणि सूजन की बीमारी (pelvic inflammatory disease): महिला जननांग पथ में सूजन, बुखार और पेट के निचले हिस्से में दर्द होना।
  • पहले आपका कभी अपनेआप गर्भपात हो चुका हो।
  • पुरुष या महिला की हर्निया की सर्जरी हो चुकी है।
  • पुरुष के अंडकोषों में कोई समस्या हो।

डॉक्टर सबसे पहले आपके स्वास्थ्य और चिकित्सा इतिहास का मूल्यांकन करेगा। जाँच के परिणाम के आधार पर डॉक्टर दवाओं, इनसेमिनेशन तकनीक या सर्जरी के माध्यम से गर्भधारण करने में आपकी मदद कर सकता है।

निष्कर्ष

गर्भवती होने के लिए किसी भी प्रकार का असुरक्षित सेक्स पर्याप्त होता है। लेकिन सेक्स को सही समय पर (ओव्यूलेशन के दौरान) और अधिक बार करने से आपकी सफलता की संभावना बढ़ जाएगी।

यदि अभी के लिए आप गर्भधारण करने में सफल नहीं हो पा रही हैं, तो अपनेआप पर या अपने साथी पर दबाव न डालें। गर्भवती होने में कुछ महीने लग सकते हैं – खासकर यदि आप 30 या उससे अधिक उम्र की हैं।

लेकिन अगर आप लंबे समय से असफल कोशिश कर रही हैं, तो सलाह के लिए डॉक्टर से मिलें। डॉक्टर जाँच करके सही कारण का पता लगाने में मदद कर सकता है।