वीर्य कम निकलने और कमजोर स्खलन के कारण, इलाज और कुछ घरेलू नुस्खे

यदि आपका वीर्य पहले की तरह अधिक मात्रा में नहीं निकल रहा है, तो इसकी सबसे पहली संभावना यही है कि आपकी उम्र बढ़ रही है। जैसे उम्र बढ़ने के साथ-साथ व्यक्ति की मांसपेशियां कमजोर होने लगती हैं और आँखों की रोशनी बदलने लगती है, उसी प्रकार उनके वीर्य निकलने की मात्रा और निष्कासन की ताकत में भी कमी आती है।

हर एक स्खलन में आपके शरीर से लिंग के माध्यम से वीर्य निकलता है। यह प्रक्रिया दो चरणों में होती है:

  1. पहले चरण के दौरान, जिसे उत्सर्जन कहा जाता है, वीर्य आपके लिंग के आधार पर मूत्रमार्ग के बल्ब में इकट्ठा होता है।
  2. दूसरे चरण के दौरान, जिसे निष्कासन कहा जाता है, आपके मूत्रमार्ग के आसपास की मांसपेशियां वीर्य को बाहर निकालने के लिए सिकुड़ जाती हैं।

इस प्रक्रिया के पहले चरण में होने वाली कोई समस्या, आपके द्वारा स्खलित होने वाले वीर्य की मात्रा को कम कर सकती है। दूसरे चरण की समस्या, वीर्य निकलने की ताकत या बल में कमी ला सकती है।

कमजोर स्खलन काफी हद तक व्यक्तिपरक होता है, मतलब यह अक्सर स्वयं व्यक्ति द्वारा देखा जा सकता है।

वीर्य निकलने की तीव्रता और मात्रा हर व्यक्ति में अलग-अलग होती है। इसलिए अक्सर दूसरों का स्खलन देखकर आपको अपना स्खलन सामान्य से कमजोर महसूस हो सकता है, लेकिन यह तब तक कोई समस्या नहीं होता, जब तक कि यह आपके सेक्स के आनंद को प्रभावित न करे।

समस्या तब होती है जब आप खुद के सामान्य से कम वीर्य का स्खलन करते हैं, खासकर तब जब आप बच्चा पैदा करने के बारे में योजना बना रहे हों। आयु से संबंधित अन्य सामान्य समस्याएं हैं, लिंग पूरा खड़ा न होना या ऑर्गाज्म प्राप्त न कर पाना

यौन समस्याओं पर चर्चा करना मुश्किल हो सकता है, यहां तक कि अपने डॉक्टर से भी। फिर भी आपके साथ जो हो रहा है, उसके बारे में खुलकर डॉक्टर से चर्चा करने से आपको इसका समाधान खोजने में मदद मिल सकती है और कमजोर स्खलन को अपने यौन जीवन को प्रभावित करने से रोका जा सकता है।

कमजोर स्खलन का क्या कारण है?

कोई भी स्थिति जो स्खलन को नियंत्रित करने वाली मांसपेशियों और तंत्रिकाओं को प्रभावित करती है, आपमें कमजोर स्खलन, वीर्य की कमी और वीर्य के पतलेपन का कारण बन सकती है।

कमजोर पेल्विक मांसपेशियां

उम्र बढ़ने का असर उन मांसपेशियों पर भी पड़ता है जो आपके शरीर से वीर्य को बाहर निकालती हैं। जब ये मांसपेशियां कमजोर हो जाती हैं, तो आपके स्खलन की शक्ति कम हो सकती है।

हॉर्मोन के स्तर में कमी

एक संतोषजनक यौन जीवन एंड्रोजन नामक पुरुष हार्मोन पर निर्भर करता है। जैसे-जैसे आपकी उम्र बढ़ती है, इन हार्मोनों का स्तर कम होता जाता है। स्तरों में एक महत्वपूर्ण गिरावट कमजोर स्खलन को जन्म दे सकती है।

प्रतिगामी स्खलन

हर बार जब आप स्खलित होते हैं, तो वीर्य आपके मूत्रमार्ग से नीचे की ओर जाता है और आपके लिंग के माध्यम से बाहर निकलता है। इस दौरान एक वाल्व (फाटक) आपके मूत्राशय व मूत्रमार्ग के बीच एक द्वार की तरह काम करता है और वीर्य को आपके मूत्राशय में जाने से रोकता है।

यदि यह वाल्व खुला रहता है, तो वीर्य आपके लिंग से बाहर निकलने के बजाय आपके मूत्राशय में भरने लगता है। इस स्थिति को प्रतिगामी स्खलन कहा जाता है। इसमें आपका वीर्य स्खलन कम या वीर्य के बिना हो सकता है।

प्रतिगामी स्खलन के कारणों में शामिल हैं:

  • अंडकोष कैंसर, बड़ी हुई प्रोस्टेट ग्रंथि, या एक कमजोर मूत्र प्रवाह के इलाज के लिए सर्जरी करवाने का दुष्प्रभाव
  • प्रोस्टेट वृद्धि, हाई ब्लड प्रेशर और डिप्रेशन के इलाज के लिए इस्तेमाल की जाने वाली दवाओं का दुष्प्रभाव
  • मल्टीपल स्केलेरोसिस या डायबिटीज जैसी बीमारियों के कारण नर्व डैमेज होना
  • रीड की हड्डी में कोई चोट लगना
 
 
 
 

कथित स्खलन मात्रा में कमी आना (PEVR)

कथित स्खलन मात्रा में कमी (PEVR) आने का मतलब है कि आपके स्खलन में पहले के मुकाबले अब कम मात्रा में वीर्य निकलता है। PEVR पुरुषों में होने वाली स्खलन से सम्बंधित एक सामान्य समस्या है

PEVR कैंसर या अन्य स्थितियों के उपचार के दुष्प्रभाव के रूप में हो सकता है। या यह आपके पुरुष हार्मोन उत्पादन में किसी समस्या का संकेत हो सकता है।

PEVR आमतौर पर स्खलन और लिंग खड़ा होने की अन्य समस्याओं के साथ होता है।

आमतौर पर निम्न स्थितियों के कारण PEVR हो सकता है:

  • प्रोस्टेट ग्रंथि के कैंसर के इलाज के लिए उसपर रेडिएशन थेरेपी करवाना
  • बढ़ी हुई प्रोस्टेट ग्रंथि, हाई ब्लड प्रेशर और डिप्रेशन के इलाज के लिए उपयोग की जाने वाली दवाएं
  • डायबिटीज
  • अंडकोषों में कोई समस्या होना जिससे पुरुष हॉर्मोन उत्पादन में कमी आ गई हो

कमजोर स्खलन के लिए उपचार

आपके कमजोर स्खलन का इलाज इस बात पर निर्भर करता है कि आपको यह किस कारण से हुआ।

कुछ दवाएं स्खलन के दौरान आपके मूत्राशय को बंद रखकर प्रतिगामी स्खलन का इलाज करने में मदद कर सकती हैं। इनमें निम्न दवाएं शामिल हो सकती हैं:

  • ब्रोम्फेनिरामाइन (brompheniramine)
  • क्लोरफेनेरीमाइन (chlorpheneriamine)
  • इफेड्रिन (ephedrine)
  • सूडोफेड्रीन (pseudoephedrine)
  • इमिपरामाइन (imipramine)
  • मिडोड्राईन (midodrine)

यदि आप जो अल्फा ब्लॉकर या अन्य दवा ले रहे हैं, वह कमजोर स्खलन का कारण बनती है, तो अपने डॉक्टर से पूछें कि क्या आप दवा बदल सकते हैं। यदि आपको डायबिटीज है, तो इसे यथासंभव सर्वोत्तम नियंत्रण में रखने से भी मदद मिल सकती है।

घरेलू इलाज

स्खलन में मदद करने वाली मांसपेशियों को मजबूत करने के लिए, आप केगेल एक्सरसाइज कर सकते हैं।

एक छोटे से शोध में केगेल जैसी पेल्विक फ्लोर मांसपेशियों को मजबूत बनाने वाली एक्सरसाइज को 12 हफ्तों तक करने से शीघ्रपतन में सुधार और वीर्य में बढ़ोतरी दर्ज की गई।

स्खलन के समय अधिक शुक्राणु कैसे उत्पन्न करें

एक स्वस्थ व्यक्ति के वीर्य की 1 मिलीलीटर मात्रा में 1 करोड़ 50 लाख से 20 करोड़ के बीच शुक्राणु होते हैं। यदि आपके वीर्य की प्रति मिलीलीटर मात्रा में 1 करोड़ 50 लाख से कम शुक्राणु होते हैं, या आपके कुल स्खलित वीर्य में 3 करोड़ 90 लाख से कम शुक्राणु होते हैं, तो डॉक्टर आपमें शुक्राणुओं की कमी होने की पुष्टि करेगा।

शुक्राणुओं की संख्या कम होने से आपके बाप बनने की संभावना कम हो सकती है।

आपके शुक्राणुओं की संख्या बढ़ाने में मदद करने के लिए यहां कुछ सुझाव दिए गए हैं:

  • रोज 7 से 9 घंटे की अच्छी नींद लेंएक शोध में पाया गया है कि जो पुरुष बहुत कम या बहुत अधिक सोते हैं, या जो देर से सोते हैं, उनमें शुक्राणुओं की संख्या कम होती है और स्वस्थ शुक्राणु उन लोगों की तुलना में कम होते हैं जो नियमित रूप से पर्याप्त नींद लेते हैं।
  • नियमित रूप से व्यायाम करें – अधिक वजन होने से आपके शुक्राणुओं की मात्रा और गुणवत्ता दोनों कम हो सकती हैं। नियमित व्यायाम करने से हार्मोन बैलेंस ठीक होता है, जिससे वीर्य की गुणवत्ता सुधर सकती है। वहीं दूसरी ओर अत्यधिक कठोर और तीव्र व्यायाम भी न करें, क्योंकि इससे भी वीर्य की गुणवत्ता में कमी आ सकती है।
  • धूम्रपान न करें। कैंसर और दिल के रोग पैदा करने के अलावा, धूम्रपान शुक्राणुओं की संख्या और गुणवत्ता को भी प्रभावित करता है। इसलिए धूम्रपान छोड़ने के उपाय करें।
  • अपने आहार में विटामिन सी, सेलेनियम और लाइकोपीन जैसे एंटीऑक्सिडेंट युक्त खाद्य पदार्थों को शामिल करें। 2016 के एक शोध में उच्च शुक्राणु स्तर वाले पुरुषों के वीर्य में एंटीऑक्सीडेंट की मात्रा अधिक पाई गई।
  • ट्रांस फैट युक्त पदार्थों का सेवन कम करें। ट्रांस फैट, जो अक्सर तले हुए खाद्य पदार्थों में पाए जाते हैं, का शुक्राणुओं की कमी के साथ सीधा संबंध पाया गया है।

यदि ये तरीके काम नहीं करते हैं, तो डॉक्टर आपके शुक्राणु बढ़ाने में मदद करने के लिए दवा लिख ​​सकता है। इस समस्या के इलाज के लिए विभिन्न प्रकार के हार्मोनल उपचार जैसे क्लोमीफीन साइट्रेट (clomiphene citrate) और फॉलिट्रोपिन अल्फ़ा लियोफिलिसेट (follitropin alfa lyophilisate) का उपयोग किया जा सकता है।

डॉक्टर से कब मिलें?

अपने डॉक्टर से यौन समस्याओं के बारे में बात करना मुश्किल हो सकता है। लेकिन इस बातचीत को करने से ही आपको स्खलन की समस्या में मदद मिल सकती है।

अपने डॉक्टर से मिलें, यदि:

निष्कर्ष

पुरुषों में स्खलन की समस्या आना आम है, खासकर उम्र बढ़ने के साथ। यदि आपके लिंग, वीर्य, सेक्सुअल कामकाज में किसी भी तरह का बदलाव आया है, तो उचित पहचान और इलाज के लिए अपने डॉक्टर से मिलें।

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