लिंग मोटा लम्बा करने वाले जेल का नाम

यदि आप लिंग छोटा होने की समस्या का अनुभव कर रहे हैं, तो शायद आपने नाइट्रोग्लिसरीन जेल के बारे में सुना होगा। और आप शायद यह भी सोच रहे होंगे कि इसे कहाँ से प्राप्त किया जाये।

अन्य लिंग वर्धक गोलियों के विपरीत – जिन्हें अक्सर असर दिखाने के लिए कई दिनों तक नियमित रूप से लेना पड़ता है – टोपिकल नाइट्रोग्लिसरीन जेल को आप सीधे लिंग पर लगा सकते हैं और यह मिनटों में अपना काम करना शुरू कर देता है।

न्यूयोर्क की डॉक्टर एलिज़ाबेथ कवलेर कहती हैं “लिंग बड़ा करने के लिए नाइट्रो जेल अन्य दवाओं के मुकाबले ज्यादा शक्तिशाली होते हैं, और इन्हें वहीं लगाया जा सकता है जहां आपको इनका फायदा लेने की आवश्यकता होती है।”

नाइट्रोग्लिसरीन जेल रक्त वाहिकाओं को फैलाकर लिंग में रक्त संचार को बढ़ाता है, जिससे वह अधिक लम्बा-मोटा हो जाता है।

यह रक्त में नाइट्रिक ऑक्साइड नामक न्यूरोट्रांसमीटर के स्तर को भी बढ़ाता है। नाइट्रिक ऑक्साइड तंत्रिकाओं को सक्रिय करता है, चिकनी मांसपेशियों की कोशिकाओं को आराम देने में मदद करता है, और लिंग से रक्त बाहर निकलने की प्रक्रिया को धीमा करता है।

दूसरे शब्दों में कहें, तो यह जेल आपके लिंग को पूरा खड़ा करने और ज्यादा देर तक खड़ा बनाये रखने में मदद करता है।

एक सदी से भी अधिक समय से नाइट्रोग्लिसरीन का उपयोग कई दवाओं, जैसे उच्च रक्तचाप और सीने में दर्द की दवाओं में एक सक्रिय संघटक के रूप में किया जाता आ रहा है। लेकिन वैज्ञानिकों ने लिंग की समस्याओं के इलाज के लिए इस रसायन की प्रभावशीलता का अध्ययन करना शुरू कर दिया है।

2018 में प्रकाशित एक शोध में, स्तंभन दोष के कारण लिंग पूरा खड़ा न होने की समस्या वाले 232 पुरुषों को दो अलग-अलग समूह में बांटा गया। एक समूह ने सेक्स से पहले 0.2 प्रतिशत ग्लाइसेरिल ट्रिनिट्रेट या नाइट्रोग्लिसरीन युक्त एक टोपिकल जेल का इस्तेमाल किया। दूसरे समूह ने प्लेसिबो (नकली) जेल का इस्तेमाल किया। सभी ने सेक्स से ठीक पहले लिंग के सिरे पर एक मटर के आकार के बराबर जेल लगाया।

लगभग 4 में से 1 पुरुष ने नाइट्रोग्लिसरीन जेल का उपयोग करने के बाद, अपने लिंग की कठोरता, सेक्स संतुष्टि, और लिंग खड़ा करने व खड़ा बनाए रखने में महत्वपूर्ण सुधार की सूचना दी। जबकि प्लेसिबो जेल का उपयोग करने वाले समूह में फायदा लगभग न के बराबर देखा गया।

इसके अलावा, नाइट्रोग्लिसरीन जेल काफी तेजी से काम करता है। 70% पुरुषों ने 10 मिनट के भीतर अपने लिंग को खड़ा पाया; और लगभग 44% पुरुषों ने 5 मिनट के भीतर। इतना जल्दी तो लिंग को खड़ा करने वाली मेडिकल दवाएं जैसे व्याग्रा आदि भी काम नहीं करतीं। बल्कि सच तो यह है कि वियाग्रा को भी अपना पूरा असर दिखाने में लगभग 1 घंटा लगता है।

 
 
 
 

नाइट्रोग्लिसरीन जेल कहाँ से प्राप्त करें

इन आशाजनक परिणामों के बावजूद, अभी नाइट्रोग्लिसरीन बाजार में लिंगवर्धक जेल के रूप में उपलब्ध नहीं है। डॉ कवेलर कहती हैं कि जेल को लिंग पर सुरक्षित रूप से कैसे इस्तेमाल किया जाये, यह निर्धारित करने के लिए और अधिक शोधों की आवश्यकता है।

नाइट्रोग्लिसरीन अलग-अलग शक्तियों में आता है और आमतौर पर कुछ ही मिनटों में बेअसर हो जाता है, जिससे ओवरडोज़ हो सकता है। तो आखिरी चीज जो आप नहीं चाहेंगे, वह है अत्यधिक देर तक लिंग खड़ा रहना

फिर भी, बाजार में कुछ नाइट्रोग्लिसरीन जेल अन्य चिकित्सीय स्थितियों के उपचार के लिए उपलब्ध हैं। उदाहरण के लिए, रेक्टिव (Rective) बवासीर की एक टोपिकल क्रीम है, जिसमें 0.4 प्रतिशत नाइट्रोग्लिसरीन होता है (जो कि ऊपर बताये गए शोध के डोज से दोगुना मजबूत है)।

कुछ डॉक्टर इसे लिंग पर उपयोग के लिए लिखने को तैयार नहीं होते। उनका मानना होता है कि इसका लिंग पर प्रयोग करना खतरनाक हो सकता है, और अक्सर चेतावनी दी जाती है कि इसका उपयोग करने पर डॉक्टर द्वारा लिंग की सख्ती से निगरानी की जानी चाहिए।

किसी भी अन्य दवा की तरह, इस जेल के भी कुछ साइड इफेक्ट होते हैं। नाइट्रोग्लिसरीन दवाओं के परिणामस्वरूप रक्तचाप अचानक और गंभीर रूप से गिर सकता है। इसलिए हृदय रोग या निम्न रक्तचाप वाले पुरुषों को इसका उपयोग नहीं करना चाहिए।

इसके अन्य गंभीर दुष्प्रभावों में रक्त में मेटहीमोग्लोबिन की मात्रा बढ़ना शामिल है। मेटहीमोग्लोबिन भी हीमोग्लोबिन की तरह ही आयरन कंपाउंड होता है, लेकिन यह ऊतकों तक ऑक्सीजन नहीं पहुँचा सकता। इसलिए रक्त में इसकी मात्रा बढ़ने से आपको चक्कर या दौरे आ सकते हैं और स्किन पर नीलिमा पड़ सकती है, साथ ही लिंग पर रक्तस्राव और जिल्द की सूजन भी हो सकती है।

और क्योंकि नाइट्रोग्लिसरीन जेल को लिंग के ऊपर लगाया जाता है, इसलिए इसके दुष्प्रभाव आपकी सेक्स पार्टनर को भी स्थानांतरित हो सकते हैं।

यदि आप इसे फिर भी आजमाकर देखना चाहते हैं, तो सबसे पहले इसका एक छोटा टेस्ट करें। यह देखने के लिए कि यह कैसे प्रतिक्रिया करता है, पहले इसे हाथ या पैरों की ऊँगली पर लगाकर देखें।

जब आप इसे लिंग पर लगाने के लिए तैयार हों, तो शुरुआत लिंग के आधार से करें, जहाँ का हिस्सा सबसे कम संवेदनशील होता है।

जब तक डॉक्टर और शोधकर्ता लिंग पर नाइट्रोग्लिसरीन जेल को हरी झंडी नहीं दिखाते, तब तक लिंग को पूरा खड़ा व लम्बा-मोटा करने के लिए पारंपरिक पीडीई-5 अवरोधक दवाएं, जैसे कि वियाग्रा और सियालिस का इस्तेमाल किया जा सकता है।

सिल्डेनाफिल भी वियाग्रा का एक जेनेरिक संस्करण है, जो अन्य के मुक़ाबले सस्ते दामों में उपलब्ध होता है।

जिन पुरुषों का लिंग बिलकुल भी खड़ा नहीं होता या ढीला रह जाता है, वह लिंग वर्धक यन्त्र, एक्सरसाइज, मालिश तेल और कुछ योग आसनों का प्रयोग करके देख सकते हैं।

कई पुरुषों में अस्वस्थ दिनचर्या, बुरी आदतों, और अत्यधिक पोर्न देखने की वजह से भी लिंग छोटा रह सकता है। उदाहरण के लिए धूम्रपान करने से रक्त की ऑक्सीजन ले जाने की क्षमता पर बुरा असर पड़ता है, जिससे सेक्स के दौरान लिंग को भी पर्याप्त रक्त नहीं मिल पाता और वह ढीला रह जाता है।

इसलिए यदि आप वास्तव में अपना लिंग पूरा मोटा-लम्बा और कठोर करना चाहते हैं, तो अपनी जीवनशैली को सुधारें – नियमित योग और एक्सरसाइज करें, बुरी आदतों को छोड़ें, स्वस्थ खानपान करें और समय के पाबंद रहें।

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