पेशाब में बदबू आने के कारण, अन्य लक्षण और डॉक्टर से कब मिलें

मूत्र में एक प्राकृतिक गंध होती है जो हर व्यक्ति में अद्वितीय होती है।

समय-समय पर, आप देख सकते हैं कि आपके मूत्र में कभी-कभी सामान्य से अधिक तेज गंध या बदबू आती है।

यह हमेशा चिंता का कारण नहीं होता है। लेकिन कभी-कभी तेज या असामान्य पेशाब की गंध किसी अंतर्निहित चिकित्सा समस्या का संकेत होता है।

पेशाब में तेज गंध या बदबू के बारे में अधिक जानने के लिए आगे पढ़ते रहें:

आम कारक

डिहाइड्रेशन

तेज गंध वाली पेशाब के सबसे सामान्य कारणों में से एक है डिहाइड्रेशन या शरीर में पानी की कमी होना।

हर व्यक्ति की पेशाब में अमोनिया होता है। आपके शरीर में जितना अधिक पानी होगा, अमोनिया की सांद्रता उतनी ही कम होगी।

लेकिन जब आपके शरीर में पानी की कमी होती है, तो अमोनिया की सांद्रता अधिक मजबूत होती है – और गंध भी।

यही कारण है कि आप सुबह उठने के तुरंत बाद अपनी पेशाब से तेज गंध महसूस कर सकते हैं। क्योंकि रातभर में शरीर डिहाइड्रेट हो जाता है।

गहरे रंग की पेशाब भी डिहाइड्रेशन का एक और संकेत है।

आपके सम्पूर्ण स्वास्थ्य को बेहतर बनाये रखने के लिए शरीर में पर्याप्त पानी होना अत्यधिक आवश्यक है।

आमतौर पर, जब तक आपको प्यास लगती है, तब तक आप पहले से ही थोड़ा डिहाइड्रेट हो चुके होते हैं, इसलिए पूरे दिन प्यास लगने से पहले ही पानी का भरपूर सेवन करना एक अच्छी आदत है।

मूत्र मार्ग में संक्रमण

मूत्र मार्ग में संक्रमण को मेडिकल भाषा में यूरिनरी ट्रैक्ट इंफेक्शन या यूटीआई कहा जाता है। यह भी पेशाब में बदबू के सबसे आम कारकों में से एक है।

पेशाब करने की तीव्र इच्छा होना, बार-बार पेशाब लगना, और पेशाब करते समय जलन होना यूटीआई के सबसे आम लक्षण हैं।

मूत्र मार्ग संक्रमण का कारण पेशाब में मौजूद बैक्टीरिया होते हैं।

यदि डॉक्टर से जाँच कराने के बाद आपमें यूटीआई निकलता है, तो वह आपको बैक्टीरिया को मारने के लिए एंटीबायोटिक दवाएं देगा।

दवाएं और सप्लीमेंट

कुछ विटामिन और दवाओं के सेवन से भी पेशाब की गंध बदल सकती है। इनमें सबसे मुख्य निम्न हैं:

  • विटामिन डी
  • सभी बी विटामिन
  • सल्फोनामाइड (sulfonamide) एंटीबायोटिक्स
  • डायबिटीज की कुछ दवाएं
  • दीर्घकालिक गठिया की कुछ दवाएं

स्वास्थ्य स्थितियाँ

कई सामान्य स्वास्थ्य स्थितियां भी मूत्र की तेज या असामान्य गंध का कारण बन सकती हैं। इनमें सबसे आम निम्न हैं:

डायबिटीज

यूनाइटेड किंगडम के NHS संस्थान के अनुसार, पेशाब की गंध में बदलाव अप्रबंधित डायबिटीज का संकेत हो सकता है।

अप्रबंधित डायबिटीज वाले लोगों के शरीर में शुगर लेवल अधिक होता है, जिससे मूत्र भी मीठी चासनी जैसी गंध देता है।

यदि आपकी पेशाब में अक्सर मीठी गंध आती है, तो तुरंत अपने डॉक्टर से संपर्क करें।

डायबिटीज को अनुपचारित छोड़ देना खतरनाक होता है और प्राणघातक हो सकता है।

ब्लैडर फिस्टुला

ब्लैडर फिस्टुला तब होता है जब आपमें किसी चोट या समस्या के कारण बैक्टीरिया को आपकी आंतों से मूत्रमार्ग में प्रवेश करने का रास्ता मिल जाता है।

गंभीर मूत्र मार्ग संक्रमण होने के साथ-साथ अत्यधिक दुर्गंधयुक्त पेशाब इसके लक्षणों में से एक है

ब्लैडर फिस्टुला सर्जिकल चोटों या आंत के रोगों, जैसे आंत की सूजन (ulcerative colitis) या क्रोहन रोग के कारण हो सकता है।

लिवर की बीमारी

2012 में हुए एक शोध के अनुसार, पेशाब में मीठी गंध आना लिवर की गंभीर बीमारी होने का संकेत भी हो सकता है। लिवर की बीमारी के अन्य लक्षणों में निम्न शामिल हैं:

  • थकान
  • पीलिया, जिसमें स्किन और ऑंखें पीले पड़ जाती हैं
  • वजन घटना
  • पेट फूलना
  • सेक्स इच्छा में कमी होना
  • पेशाब का रंग गहरा होना

लिवर की बीमारी के लक्षण होने पर तुरंत अपने डॉक्टर से मिलें। अनुपचारित लिवर की बीमारी जीवन के लिए खतरा हो सकती है।

 
 
 
 

फिनायलकेटोन्यूरिया (Phenylketonuria)

फिनायलकेटोन्यूरिया एक लाइलाज जेनेटिक समस्या है, जो व्यक्ति में जन्म से मौजूद होती है।

फिनायलकेटोन्यूरिया से ग्रसित व्यक्ति का शरीर फिनाइलऐलैनीन (phenylalanine) नामक एमिनो एसिड को तोड़कर पचाने में असमर्थ होता है। जब यह एमिनो एसिड पेशाब में जमा होने लगती है, तो उसमें मांसल गंध विकसित हो सकती है।

इस समस्या के अन्य लक्षण निम्न हैं:

  • स्किन के पिगमेंटेशन या रंगत में कमी आना
  • बौद्धिक विकलांगता या दिमाग के कामकाज में त्रुटि होना
  • सामाजिक कौशल का धीमी गति से विकसित होना

यदि इस रोग का शीघ्र उपचार न किया जाए तो यह ADHD जैसी गंभीर मानसिक स्थिति को जन्म दे सकता है।

मेपल सिरप मूत्र रोग

मेपल सिरप मूत्र रोग एक दुर्लभ और लाइलाज जेनेटिक रोग है, जिसके कारण मूत्र में मीठे मेपल सिरप की तरह गंध आने लगती है।

इस रोग वाले लोगों का शरीर ल्यूसीन, आइसोल्यूसीन और वेलिन नामक एमिनो एसिड्स को तोड़कर पचाने में असक्षम होता।

इस रोग का उपचार न कराने से ब्रेन डैमेज और मृत्यु हो सकती है। हालाँकि इस रोग का कोई इलाज उपलब्ध नहीं है, लेकिन इसके लक्षणों को कंट्रोल करने के तरीके मौजूद हैं।

गुर्दे की पथरी

गुर्दे की पथरी, गुर्दों में जमा होने वाली छोटी व कठोर स्टोन को कहा जाता है। यह कुछ लोगों में दर्द पैदा कर सकती है, लेकिन अगर इसका जल्दी इलाज करा लिया जाये तो इससे कोई स्थाई क्षति नहीं होती।

गुर्दे की पथरी के लक्षण निम्न हैं:

  • आपकी पीठ या बाजू में तेज दर्द होना
  • पेशाब करते समय दर्द होना
  • पेशाब में बदबू आना
  • बार-बार पेशाब लगना
  • पेशाब करने के बाद भी ऐसा लगना कि और पेशाब होगी

शतावरी

एक खाद्य पदार्थ जो बहुत से लोगों के पेशाब की गंध को तेज कर सकता है, वह है शतावरी।

शतावरी में प्राकृतिक रूप से सल्फर यौगिक पाया जाता है, जो पेशाब की गंध का कारण बनता है। इस यौगिक को शतावरी अम्ल कहा जाता है। हालांकि यह शरीर को नुकसान नहीं पहुंचाता है, लेकिन इसे खाने के बाद यह एक मजबूत और अजीब गंध पैदा करता है।

आमतौर पर, आपके सिस्टम से शतावरी के गुजरने के बाद मूत्र की गंध चली जाएगी। लेकिन यदि गंध बनी रहती है, तो अन्य कारणों की जांच के लिए आपको अपने डॉक्टर से संपर्क करना चाहिए।

गर्भावस्था

गर्भावस्था के दौरान, पेशाब की गंध में बदलाव आना संभव है।

यह कुछ चीजों के कारण हो सकता है, जिसमें विटामिन, आहार में बदलाव और यह तथ्य शामिल है कि कई गर्भवती महिलाओं को बार-बार यूटीआई से गुजरना पड़ता है।गर्भावस्था के दौरान बार-बार यूटीआई होने का कारण मूत्राशय पर गर्भाशय का दबाव बढ़ना होता है।

पेशाब करने की स्वस्थ आदतें

अपने मूत्राशय को स्वस्थ रखने के लिए आप निम्नलिखित कुछ अच्छी आदतें अपना सकते हैं:

  • कम से कम हर 3 से 4 घंटे में पेशाब करने की कोशिश करें। यदि आपको इतनी बार पेशाब नहीं लगती है, तो आपको अधिक पानी पीने की आवश्यकता हो सकती है।
  • दिन के दौरान पर्याप्त मात्रा में तरल पदार्थ पिएं, और सुनिश्चित करें कि इसमें अच्छी खासी मात्रा पानी की हो।
  • पेशाब करते समय जितना हो सके रिलैक्स होने की कोशिश करें। अपनी मांसपेशियों को आराम देने से पेशाब करना आसान हो जाता है।
  • पेशाब की प्रक्रिया में जल्दबाजी न करें। आप अपना पूरा समय लें और अपने मूत्राशय को पूरी तरह से खाली करें।
  • शारीरिक गतिविधि शरीर के स्वास्थ्य के लिए फायदेमंद होती है, जिसमें मूत्राशय का स्वास्थ्य भी शामिल है।
  • हमेशा सूती (कॉटन) की अंडरवियर पहनें। नायलॉन जैसे अन्य कपड़े नमी को फंसा सकते हैं और बैक्टीरिया के विकास की संभावना को बढ़ा सकते हैं।

डॉक्टर से कब मिलें

यदि आपकी पेशाब में असामान्य गंध है, जो 2 दिनों से अधिक समय तक बनी रहती है या यदि आपमें निम्न लक्षण दिखाई दे रहे हैं तो डॉक्टर से संपर्क करें:

  • मीठी महक वाली पेशाब
  • पेशाब में असामान्य बदबू
  • मानसिक भ्रम होना
  • पेट फूलना
  • जी मचलना
  • उलटी आना

ये लक्षण डायबिटीज, गंभीर डिहाइड्रेशन, मूत्र मार्ग संक्रमण या लिवर रोग के लक्षण हो सकते हैं।

पहचान

यह निर्धारित करने के लिए कि क्या आपकी पेशाब की गंध किसी चिकित्सीय स्थिति के कारण है, आपका डॉक्टर कई टेस्ट का उपयोग करेगा। इनमें से कुछ आम टेस्ट निम्न हैं:

  • यूरिन टेस्ट: आपकी पेशाब के नमूने का टेस्ट कुछ प्रकार के जीवाणुओं के साथ-साथ अन्य तत्वों की मौजूदगी के लिए किया जाता है।
  • सिस्टोस्कोपी: इस टेस्ट में एक पतली ट्यूब जिसके सिरे पर कैमरा लगा होता है, उसे आपके मूत्राशय में डाला जाता है। इससे मूत्र मार्ग के अंदर मौजूद असामान्यताओं की जाँच करने में मदद मिलती है।
  • स्कैन या इमेजिंग: अक्सर पेशाब की गंध बदलने पर इमेजिंग का उपयोग नहीं किया जाता है। लेकिन अगर यूरिन टेस्ट से संक्रमण का कोई संकेत नहीं मिलता है, तो डॉक्टर एक्स-रे लेने या अल्ट्रासाउंड करने का विकल्प चुन सकता है।

निष्कर्ष

पेशाब की असामान्य गंध कई कारणों से हो सकती है, जैसे कि आपने एक रात पहले क्या खाया, क्या आप कुछ दवाएं ले रहे हैं या आपमें कोई स्वास्थ्य समस्या है।

अधिकांश मामलों में, पेशाब की गंध में बदलाव होना चिंता करने योग्य नहीं होता। हालांकि, अगर गंध नई है और बनी रहती है, तो अधिक गंभीर चिकित्सा समस्याओं से बचने के लिए अपने डॉक्टर से संपर्क करें।